Wednesday, 16 November 2016

अनिद्रा -प्राकृतिक उपचार / isomnia - natural remedy

अनिद्रा आज का सबसे बड़ा रोग है, वस्तुतः युवा के लिए छः घंटे की नींद पर्याप्त होती है। बच्चों के लिए आठ घंटे और वृद्धों को चार से छः घंटे की नींद की आवश्यकता होती है।

प्राकृतिक उपचार

प्राकृतिक उपचार से अनिद्रा रोग समूल नष्ट हो जाता है, रोगी पर कोई दुष्प्रभाव भी नहीं पड़ता।

१. एक चम्मच प्याज के रस में एक चम्मच शहद मिलाकर चाटें। यह औषधि रात को सोने से पहले लें।

२. रात को सोने से पहले नियमित सरसों या तिल के तेल से पांच मिनट पैर के तलवों की मालिश करें, इससे थकान दूर होती है और नींद अच्छी आती है।

३. पपीता एक बहुत ही गुणकारी और स्वादिष्ट फल है। अनिद्रा के रोगी नियमित रूप से पपीता खायें, उसका रस पीयें और कच्चे पपीते की सब्जी बनाकर खायें तो उन्हें अनिद्रा की शिकायत नहीं होगी।

४. सौंफ अनिद्रा रोग की बेहतर औषधि है। रात को सोने से पूर्व १० ग्राम सौंफ एक कप पानी में उबाल-छानकर पियें।

६. सेब का मुरब्बा अनिद्रा रोग को शांत कर गहरी नींद लाता है - रात को भोजन के बाद नियमित रूप से खाने वालों को रोग से मुक्ति मिलती है।

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